Union Home Minister and Minister of Cooperation, Shri Amit Shah, reviews implementation of three New Criminal Laws in Puducherry with Lieutenant Governor Shri K. Kailashnathan in New Delhi

Press | May 13, 2025

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज नई दिल्ली में पुडुचेरी के उपराज्यपाल श्री के. कैलाशनाथन के साथ संघशासित प्रदेश में तीन नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन पर समीक्षा बैठक की


प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में लाए गए तीन नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन की दिशा में पुडुचेरी ने अच्छा काम किया है

गृह मंत्री ने पुडुचेरी में नए आपराधिक कानूनों के जल्द से जल्द कार्यान्वयन को सुनिश्चित करने पर बल दिया

पुडुचेरी में FIR तमिल भाषा में ही दर्ज हो और जिसे आवश्यकता हो उसे अन्य भाषाओं में उपलब्ध हो

NAFIS के तहत सभी गिरफ्तार अपराधियों के फिंगरप्रिंट दर्ज किए जाने चाहिए, जिससे डेटाबेस का अधिकतम उपयोग हो सके


केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज नई दिल्ली में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज नई दिल्ली में पुडुचेरी के उपराज्यपाल श्री के. कैलाशनाथन के साथ संघशासित प्रदेश में तीन नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन पर समीक्षा बैठक की। बैठक में पुलिस, जेल, कोर्ट, अभियोजन और फॉरेन्सिक से संबंधित विभिन्न नए प्रावधानों के कार्यान्वयन और वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में संघशासित प्रदेश के गृह मंत्री, केन्द्रीय गृह सचिव, मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक, पुडुचेरी, महानिदेशक, BPR&D और निदेशक, NCRB सहित गृह मंत्रालय और संघशासित प्रदेश पुडुचेरी के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।



अपने संबोधन में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में लाए गए तीन नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन की दिशा में संघशासित प्रदेश पुडुचेरी ने अच्छा काम किया है। गृह मंत्री ने नए आपराधिक कानूनों के जल्द से जल्द कार्यान्वयन को सुनिश्चित करने पर बल दिया।



केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि संघशासित प्रदेश पुडुचेरी में FIR तमिल भाषा में ही दर्ज की जानी चाहिए और जिसे आवश्यकता हो उसे अन्य भाषाओं में इसे उपलब्ध कराने की व्यवस्था हो। उन्होंने कहा कि NAFIS के तहत सभी गिरफ्तार अपराधियों के फिंगरप्रिंट दर्ज किए जाने चाहिएं जिससे डेटाबेस का अधिकतम उपयोग हो सके। उन्होंने कहा कि सिर्फ Director of Prosecution (DoP) को ही किसी भी मामले में कानूनी सलाह देने का अधिकार होना चाहिए। गृह मंत्री ने कहा कि ई-समन, ई-साक्ष्य, न्याय श्रुति और फॉरेन्सिक आदि प्रावधानों को जल्द से जल्द पूरी तरह लागू किया जाए। 



श्री अमित शाह ने कहा कि संघशासित प्रदेश पुडुचेरी के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को सप्ताह में एक बार, गृह मंत्री को हर 15 दिन और उपराज्यपाल को महीने में एक बार नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन की प्रगति की समीक्षा करनी चाहिए।


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