Press | Nov 18, 2023
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री और भारतीय जनता पार्टीके वरिष्ठ नेता श्री अमित शाह द्वारा तेलंगाना विधानसभा चुनाव 2023 के लिए ‘संकल्प’पत्र विमोचन के अवसर पर दिए गए उद्बोधन के मुख्य बिंदु
भाजपाका तेलंगाना का ‘संकल्प पत्र’ एक तरह से आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जीकी गारंटी है। भाजपा की केंद्र सरकार हो या राज्य सरकार, पार्टी ने अपने घोषणा पत्रको 5 दशकों तक सत्यता के साथ निभाया है और सभी वादे पूरे किए हैं।
तेलंगानाकी मांग को कांग्रेस ने ठुकराया और फिर चुनाव के समय जल्दबाजी में तेलंगाना बनाने काकाम किय। जबकि भाजपा ने 1957 से ‘एक वोट, 2 राज्य’ का नारा दिया था।
केसीआरने तेलंगाना में लोकतंत्र को ‘लूटतंत्र’ और प्रजा तंत्र को ‘परिवारतंत्र’ बना दियाहै। 10 सालों में KCR ने तेलंगाना को ₹7 लाख करोड़ ऋण में डुबा दिया।
तांत्रिकोंकी सलाह पर चलने वाली केसीआर की पार्टी प्रदेश के युवाओं का कभी भला नहीं कर सकती।
राज्यमें भाजपा सरकार बनने पर हर साल 17 सितंबर को हैदराबाद लिबरेशन दिवस मनाया जाएगा जिसकेमाध्यम से नई पीढ़ी को तेलंगाना की निजाम की क्रूर नीतियों के मुक्ति को याद करायाजाएगा।
भाजपायह घोषणा करती है कि पिछड़ा वर्ग की आकांक्षाओं को पूरा करने और उन्हें सामाजिक न्यायदिलाने के लिए हमारी सरकार में तेलंगाना का अगला मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग से होगा।
4 प्रतिशतके असंवैधानिक धर्म आधारित आरक्षण को खत्म किया जाएगा तथा ओबीसी, एससी और एसटी का जनसंख्याअनुपात में आरक्षण बढ़ाया जाएगा। आरक्षण में एससी उपवर्गीकरण के लिए फास्ट ट्रैक गठितकिया जाएगा।
भाजपासरकार बनने पर जिस जाड़ा चावल को तेलंगाना की बीआरएस सरकार खरीदने से मना करती है,उसे भाजपा सरकार एमएसपी पर खरीदेगी।
प्रधानमंत्रीफसल बीमा योजना के तहत किसानों को मुफ्त में फसल बीमा का लाभ दिया जाएगा।
तेलंगानामें भाजपा की सरकार बनने पर प्रदेश में यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू करने के लिए एक कमेटीबनाई जाएगी जो 6 महीने में प्रदेश में UCC लागू करेगी।
तेलंगानामें सरकार बनने पर प्रदेश की सभी वरिष्ठ नागरिकों नि:शुल्क अयोध्या की यात्रा और रामललाके दर्शन की व्यवस्था कराई जाएगी।
तेलंगानाको कृष्णा नदी के पानी का उचित हिस्सा दिलाने के लिए कृष्णा जल विवाद न्यायाधिकरण केसमक्ष के मामले को उचित रूप से पेश किया जाएगा और तेलंगाना को उसके हक का पानी दिलवायाजाएगा।
तेलंगानामें सरकार बनने पर प्रदेश की सभी वरिष्ठ नागरिकों निशुल्क अयोध्या की यात्रा और रामललाकी दर्शन की सुविधा मुहैया कराई जाएगी।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता श्री अमित शाह ने तेलंगाना में भाजपा के ‘संकल्प पत्र’ का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा किबीजेपी का घोषणा पत्र एक तरह से आदरणीय प्रधानमंत्रीश्री नरेन्द्र मोदी जी की गारंटी है। भारतीय जनता पार्टी की स्थापना से अभी तकका ट्रैक- रिकार्ड है कि चाहे भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार हो या राज्य सरकार,पार्टी ने अपने घोषणा पत्र को 5 दशकों तक सत्यताके साथ निभाया है और सभी वादे पूरे किए हैं। जम्मू कश्मीर में धारा 370 हटाने कीबात हो, या अयोध्या में राम मंदिर निर्माण या फिर तीन तलाक को समाप्त करने जैसे वादोंपर अमल, भाजपा ने इसे चरितार्थ कर दिखाया है। देश की जनता की साक्षी है कि भारतीय जनतापार्टी ने दीनदयाल उपाध्याय जी की मूल नीति से लेकर जनसंघ व भाजपा के सभी वादे पूरेकिए हैं।
श्री शाह ने कहा कि जब भारत में अटल जी की सरकार थी, उन्होंनेछत्तीसगढ़, झारखंड और उत्तराखंड का गठन किया था और कहीं पर भी कोई लड़ाई-झगड़े के मामलेसामने नहीं आये। नये गठन हुए राज्य और मदर स्टेट के बीच बैर भी नहीं हुआ लेकिन वर्षोंतक लंबित तेलंगाना की मांग को कांग्रेस नेठुकराया और फिर आनन-फानन में चुनाव के समय अकुदरती तरीके से जल्दबाजी में तेलंगानाबनाने का काम किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने कभी भी तेलंगाना की मांगका समर्थन नहीं किया जबकि 1957 से काकीनाड़ा में तत्कालीन आंध्र प्रदेश बीजेपी की इकाईने ‘एक वोट 2 राज्य’ का नारा दिया था, जिसका बीजेपी लगातार समर्थन करती रही है। हमनेआंदोलन में भी सकारात्मक भूमिका निभाई और जब तेलंगाना बनने का समय आया तब हमने दोनोंसदनों में तेलंगाना को एक अलग राज्य बनाने का समर्थन भी किया। उन्होंने कहा कि तेलंगाना बनने के बाद प्रधानमंत्रीश्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार बनी, जिसने तेलंगाना के विकास के लिए हमेशाकाम किया है। कांग्रेस पार्टी ने 2004 से 2014 तक संयुक्त आंध्र प्रदेश को ₹2 लाख करोड़की हस्तांतरण और सहायता प्रदान की थी, लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्वमें बीजेपी सरकार ने केवल तेलंगाना राज्य के लिए ₹2 लाख 50 हजार करोड़ पिछले 9 वर्षों में आवंटित करने का काम किया है।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि अभी हाल में₹900 करोड़ की लागत से सम्मक्का सरका सेंट्रल जन जातीय विश्वविद्यालय,हल्दी के किसानों के लिए वैल्यू चैन और एक्सपोर्टको बढ़ावा देने के लिए नेशनल टर्मरिक बोर्डगठन किया है। इसके साथ ही कृष्णा वाटरट्राइब्यूनल-2 की संदर्भ- शर्तें को भी प्रधानमन्त्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अनुमोदित किया है। राष्ट्रीय राजमार्गोंमें लगभग ₹56 हजार करोड़ की लागत से तेलंगानाको जोड़ने वाले नई सड़कें बनाए गए हैं, ₹13हजार करोड़ का 325 किलोमीटर लंबा हैदराबाद-रायपुरएक्सप्रेस-वे भी बनाया गया। श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकारद्वारा लगभग ₹4600 करोड़ की लागत से 160 किलोमीटर लंबा राष्ट्रीय राजमार्ग सेजुड़ा ग्रीन फील्ड हाइवै योजना भी तेलंगाना को दिया गया है। उन्होंनेकहा कि सिकंदराबाद-विशाखापटनम तक चलने वाली वंदेभारत ट्रेन की भेट टो तेलंगाना को मिल चुकी है, साथ ही 3 नई वंदे भारत और चलाई जाएगी। ₹1200 करोड़ से अधिक हैदराबाद मेट्रो के लिए आवंटित किया गया औरहैदराबाद अंतराष्ट्रीय एयरपोर्ट के लिए ₹6288 करोड़ का व्यय भी भाजपा सरकार ने दिया हैं। 2019 में बीबी नगर में एम्स की स्थापना की गई, हैदराबाद-नागपुर और हैदराबाद-वारंगल औधौगिक कॉरिडरबनाया। साथ ही गरीबी रेखा के नीचे लाखों- करोड़ोंलाभार्थियों को, अनेक योजनाओं का लाभ श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकारने दिया है।
श्री शाह ने कहा कि भाजपा के विकास कार्यों का लेखा जोखापेश करते हुए कहा कि किसान सम्मान निधिके तहत 40 लाख लाभार्थियों को प्रति ₹6000दिए गए, 54 लाख गरीबों के घर में नल सेजल पहुंचाया और एक भी घपला या घोटाले नहीं हुए। 33 लाख गरीबों के घर में शौचालय बनवाने का काम किया, 1 करोड़ 90 लाखलाभार्थियों को कोरोना काल से वर्तमान समय तक निःशुल्क राशन प्रति व्यक्ति/माह दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मोदीजी ने घोषणा की है कि अगले 5 साल तक यह सेवालाभार्थियों के लिए जारी रहेगी। इसी क्रम में 1 करोड़ 10 लाख जनधन अकाउंट खोले गए और प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के तहत राज्यमें 1200 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माणकिया गया। उन्होंने आगे कहा कि हैदराबाद मुक्तिसंग्राम के चलते 400 दिनों के बाद तेलंगानाको आजादी मिली, बिआरएस के क्रूर शासन से देश के लोह पुरुष श्री वल्लभ भाई पटेल ने तेलंगानाको मुक्ति दिलाई। किन्तु केसीआर ने ओवैसी के डर से ‘हैदराबाद विमोचन दिन’ मनाने सेहमेशा मना किया। केसीआर ने हैदराबाद और तेलंगाना की भावना को अपने इसी कृत से तुष्टीकरणकी भेंट देने का काम किया।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि केसीआर के नेतृत्व में आज तेलंगाना लोकतंत्र कीजगह ‘लूटतंत्र’ और प्रजातंत्र ‘परिवारतंत्र’बन गया है। केसीआर का एक मात्र लक्ष्यअपने बेटे को मुख्यमंत्री बनाना है। बीआरएसपार्टी बनाने के समय जनता से विकास के अनेकों वादे किये गए थे। भाजपा भी दूर से आशाके साथ देखती थी कि नए राज्य की शुरुआत के साथ अब कुछ अच्छा होगा किन्तु कुछ ऐसा संभवनहीं हुआ। ₹4200 करोड़ का कलेश्वरम घोटालाका प्रोजेक्ट ₹1 लाख 35 हजार करोड़ का हो गया और जिसका काम अबतक समाप्त नहीं हुआ है।पलामुरु रंगारेड्डी लिफ्ट सिंचाई योजनाकी लगभग 2015 में आधारशिला रखी गई ₹32250 करोड़ खर्च किए जा चुके हैं लेकिन अभी तक उसकोपूरा नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि 2014में जब तेलंगाना का गठन हुआ तब ₹370 करोड़ के साथ राजस्व अधिशेष राज्य हुआ करता था औरआज लगभग ₹7 लाख करोड़ ऋण में डूबा हुआ राज्य बन चुका है। ₹370 करोड़ के तेलंगाना राजस्व से ₹7 लाखकरोड़ के ऋण में जाना यह बहुत बड़ी बात है और वह केसीआर के परिवार के भ्रष्टाचार के कारणहुआ है।
श्री शाह ने कहा कि तेलंगाना सरकार पर अभी ₹3 लाख 66 हजारकरोड़ का ऋण है, निगमों पर 3 लाख 80 हजार करोड़ का ऋण है कुल मिलकर तेलंगाना को 7.5 लाख करोड़ के ऋण में डुबाने काकाम केसीआर ने किया है। केसीआर पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि जब किसी भी राज्यमें मेगा प्रोजेक्ट्स की घोषणा होती है तो वहां के मुख्यमंत्री सोचते हैं कि इस मेगाप्रोजेक्ट से राज्य की जनता को क्या फायदा होगा लेकिन तेलंगाना में केसीआर मेगा प्रोजेक्टका साइज़ इसलिए बड़ी तय करते हैं ताकि इसके जरिए ज्यादा से ज्यादा कमीशन उन्हें मिल पाए।रोजगार की बात करते हुए श्री अमित शाह ने कहा, तेलंगाना में 17 बार परीक्षाओं के पेपरलीक हुए, लाखों युवाओं का भविष्य बर्बाद हुआ और कई लोगों को आत्महत्या करने के लिएविवश होना पड़ा। श्री अमित शाह ने कहा कि राज्यमें अभी भी 2 लाख से अधिक पद मे नियुक्ति बाकीहै, कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिलता है, यूनिवर्सिटी में कोई भर्ती नहीं कीगई, जूनियर और डिग्री कॉलेज में 8000 से ज्यादा पद रिक्त हैं। शिक्षा के लिए बजट का10.89% आवंटित था, वो घट कर 6.24% हो गया। इससे हमे पता चलता है कि केसीआर ने राज्यकी भलाई के लिए कुछ नहीं किया। बीआरएस ने ढेर सारे वादे किए थे लेकिन उन्होंने वादाखिलाफी करने का काम किया। 1 लाख नौकरी देनेका वादा किया था, 3000 रुपए बेरोजगारी भत्ता देने का वादा किया था, केजी से पीजी तकमुफ़्त शिक्षा का वादा, 7 लाख गरीबों को घर देने का वादा, गरीबों का 1 लाख का कर्ज माफकरने का वादा, हर जिले में सुपर स्पैशलिटी अस्पताल बनाना, ऐसे अनेकों वादे आज भी पूरेनहीं हो पाए। केसीआर कोई भी वादा करते हैं, उनके नजर के सामने केटीआर और कविताही होते हैं तेलंगाना की जनता नहीं होती है लेकिन भारतीय जनता पार्टी जो बोलती है वोकरती है।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने बीआरएस सरकार परनिशाना साधते हुए कहा कि यह केसीआर की पार्टीपिछड़ा विरोधी पार्टी है, केसीआर ने2014 चुनाव में वादा किया था कि चुनाव जीतने पर दलित वर्ग से मुख्यमंत्री बनाएंगे लेकिनदो बार वे स्वयं मुख्यमंत्री बन गए और अब केटीआर को मुख्यमंत्री बनाने की तैयारी कररहे है लेकिन इस बार जनता ने उन्हें न चुनने की ठान ली है। उन्होंने कहा कि बीआरएसने पिछड़ा वर्ग का शोषण किया है वहीं भाजपा ने प्रदेश में सबसे ज्यादा 39 सीटों परपिछड़ा वर्ग से प्रत्याशियों को टिकट दिया है। साथ ही उन्होंने तेलंगाना की जनता कोयाद दिलाया कि श्री नरेन्द्र मोदी ने जनता से वादा किया है कि भाजपा की सरकार बननेपर प्रदेश का मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग से बनाया जाएगा।
श्री शाह ने कहा कि तेलंगाना में भ्रष्टाचार की कोई सीमानहीं रही है। प्रदेश में पिछले 10 वर्षों में हुए घोटालों की एक लंबी सूची है जिसमेंकालीश्वर घोटाला, शराब घोटाला, पोल्ट्री चारा घोटाला, ग्रेनाइट घोटाला और बाइपास घोटालाशामिल हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि काकतीय मिशन में आवंटित पूरा ₹22 हजार करोड़ खर्चहोने के बावजूद मात्र 65 प्रतिशत काम भी पूरा नहीं हुआ है। साथ ही उन्होंने तंज कसाकि केसीआर सरकार ने इतने घोटाले किए हैं कि उन्हें अब डर भी नहीं रहा है एवं अब वेनिर्लज्जता के साथ घोटाले कर रहे हैं।
केंद्रीय गृह मंत्री ने केसीआर पर निशाना साधते हुए कहाकि उनकी पार्टी का चुनाव चिह्र कार है लेकिन पार्टी का स्टीयरिंग उनके नहीं अपितु मजलिसके साथ में है, हर फैसला करने से पहले केसीआर सोचते हैं कि मजलिस क्या कहेगी। उन्होंनेकहा कि पूरे देश में तेलंगाना एकमात्र राज्य है जहां मुस्लिमों के धर्म आधारित आरक्षणदिया गया है, जो कि गैर संवैधानिक है। भाजपा ने तय किया है कि गैर संवैधानिक आरक्षणको खत्म कर ओबीसी, एससी और एसटी का आरक्षण बढ़ाया जाएगा।
केसीआर पर तंज कसते हुए श्री शाह ने कहा कि ये सरकार तांत्रिकोंकी सलाह पर चलती है और तांत्रिक की सलाह पर ही पार्टी का नाम बदल लिया जाता है, तांत्रिकोंकी सलाह पर चलने वाली पार्टी कभी युवाओं भविष्य उज्जवल नहीं कर सकती है। साथ ही उन्होंनेविश्वास दिलाया कि भाजपा तेलंगाना के युवाओं के सभी सपनों और आशाओं को पूरा करने आईहै।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने तेलंगाना घोषणापत्र में 25 मुख्य घोषणाएंकी जो कि निम्नलिखित हैं -
श्री शाह ने तेलंगाना की बीआरएस सरकार पर आरोप लगाते हुएकहा कि केसीआर सरकार केंद्र की योजनाओं कोप्रदेश में लागू होने से रोकती है। डबल इंजन की सरकार श्री नरेंद्र मोदी की सभीयोजनाओं को तेलंगाना से गरीब से गरीब व्यक्ति तक पहुंचा कर तेलंगाना को आगे बढ़ाएगी।
तेलंगाना के युवाओं ने राज्य की स्थापना के लिए जिस आशासे अपना सर्वोच्च बलिदान दिया, भाजपा की सरकार उन सभी आशा, आकांक्षाओं और सपनों कोपूरा करने के लिए प्रयासरत रहेगी ।